Breaking News

पृथक मिथिला राज्य के लिये जंतर मंतर धरना प्रदर्शन

पृथक मिथिला राज्य के लिये जंतर मंतर धरना प्रदर्शन

अखिल भारतीय मिथिला राज्य संघर्ष समिति के तत्वावधान में सोमवार को दिल्ली के जंतर मंतर पर पृथक मिथिला राज्य के गठन, संवैधानिक भाषा मैथिली को उचित अधिकार, बाढ़ के स्थायी समाधान, मिथिला क्षेत्र के सर्वांगीण विकास सहित अनेक मुद्दों पर सरकार का ध्यान आकृष्ट करने के लिए एक दिवसीय धरना प्रदर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया. धरना की अध्यक्षता वरिष्ठ मिथिला-मैथिली सेनानी पं रविन्द्र मिश्र ने की. धरना का संचालन मिथिला केसरी मनोहर जी ने किया. अध्यक्षता करते हुए पं रविन्द्र मिश्र ने कहा कि मिथिला जनसंख्या, भाषा, भौगोलिक संरचना, सनातनी सभ्यता और संस्कृति के आधार पर राज्य बनने की क्षमता रखता है. 5000 साल से भी पुरानी राष्ट्रसत्ता आज अपनी राज्य सत्ता के लिये संघर्ष कर रही है.
समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा० बैद्यनाथ चौधरी बैजू ने अपने आनलाइन संबोधन में कहा कि मिथिला के सामाजिक, सांस्कृतिक, आर्थिक, राजनैतिक एवं भाषाई आजादी के बिना समग्र मिथिला क्षेत्र का विकास असंभव है. सड़क से संसद तक संघर्ष जारी है और यह आंदोलन पृथक मिथिला राज्य के गठन तक अनवरत जारी रहेगा. अपने संबोधन में उन्होंने नेपाल में मैथिलों के साथ भाषाई, भौगोलिक, सामाजिक, आर्थिक दमन पर विदेश मंत्री और प्रधानमंत्री भारत सरकार का ध्यान आकृष्ट किया.
संघर्ष समिति के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं मीडिया प्रभारी ईंजीनीयर शिशिर कुमार झा ने अपने संबोधन में एम्स निर्माण में लेटलतीफी का मुद्दा उठाया, साथ हीं आईआईटी, आईआईएम के स्थापना की मांग की. उन्होंने कहा कि 6 वर्ष पहले घोषित एम्स का काम अभी तक नहीं होना राज्य और केंद्र सरकार का मैथिल के प्रति सौतेलापन के व्यवहार दर्शाता है. उन्होंने कहा कि 2021 के रिपोर्ट में भी बिहार गरीबी में देश भर में अव्वल है. ऊपर से मगही शासन की कुदृष्टि से मिथिला निरंतर दरिद्रता की ओर बढ़ रहा है.
धरने को सम्बोधित करते हुए अंतर्राष्ट्रीय संयोजक प्रोफेसर अमरेन्द्र कुमार झा ने बिहार सरकार को आगाह किया कि पृथक मिथिला राज्य के लिये विधानसभा में जल्द प्रस्ताव पारित नहीं हुआ तो सम्पूर्ण मिथिला क्षेत्र में रास्ता रोको, रेल रोको अभियान शुरू किया जायेगा. प्रो० झा ने नेपाल में मधेश राज्य का नाम बदलकर मिथिला राज्य करने की नेपाली प्रधानमंत्री से अपील की.
मौके पर हीरालाल प्रधान, भगवंत झा, विजय आजाद ,फूल कुमार, संजीव सिंहा ने आदि ने दरभंगा में हाईकोर्ट बेंच के स्थापना की मांग की. धरना कार्यक्रम में पत्रकार संतोष झा, पत्रकार मिहिर झा, मनीष झा, अंजनि झा, डा० समरेन्द्र पाठक, गोपाल जी, सज्जन कुमार,राजेश झा, सबिता मिश्रा, अनामिका मिश्रा आदि प्रमुख थे. बाद में मदन कुमार झा के नेतृत्व में राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री एवं गृहमंत्री को पृथक मिथिला राज्य के गठन के लिये ज्ञापन सौंपा गया.

Check Also

• आयुक्त की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की विस्तृत समीक्षात्मक बैठक आयोजित… 

🔊 Listen to this   • आयुक्त की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की …